गहराईयों से ताल्लुक



किसी ने मुझसे कहा 
बड़ी गहराई से सोचते हो जनाब 
मैंने भी मुस्कुराकर जवाब दे दिया 
हम गैरों से नही गहराईयों से ताल्लुक रखते है |

someone told me
think deeply
I smiled and replied
We are deeply related, not with others.

WRITE BY 
ZISHAN ALAM 


 


The zishan's view

This is zishan alam .Writer .Poet.and Author of Lafzon ke mousam me .Social Activist.मुस्लिम का बेटा हूं हिंदू का भाई हूं लेकिन दीवाना हूं इंसानियत का //

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