2025 की पोस्ट दिखाई जा रही हैं

तन्हा महल - TANHA MAHAL

मेरी ज़िंदगी की वाहिद कमाई था वो, मुझे अकेला करके क्यों चला गया वो। अभी तो उसने चलना भी नहीं स…

मेरी चाहत MERI CHAHAT

मेरी चाहत एक दिन उसे मेरे करीब खींच लायेगी  देखना ये हैं वो  कब  तक खींची हुई चली आयेगी  मुझे भर…

तमन्ना हैं TAMANNA HAI

तमन्ना हैं तुम्हारे इश्क़ में हद से गुजर जाऊं सोचता हूं फिर मैं कहां कहां से गुजर जाऊं हद से तो …

कबीले से ताल्लुक QABEELE SE TALLAUQ

ना जाने किस कबीले से ताल्लुक हैं उसका बस खामोशी से अपने काम को अंजाम देता हैं उसकी आंखें जब जब म…

नेमत-NEMAT

तेरी इस मोहब्बत को  मैं हमेशा यादों में रखूंगा तेरी हर  एक  ख़ुशबू को  मैं  सहेज  कर रखूंगा  मेर…

कबिले से शहर तक -QABEELE SE SHAHR TAK

छोटे से क़बीले से निकला मैं, तेरे शहर आया, साथ कुछ नहीं था मेरे, सिर्फ़ मेरी तन्हाई और मैं अकेला…

मिट्टी का पुतला- MITTI KA PUTLA

मिट्टी का पुतला हूं मिट्टी की खुराक हो जाऊंगा  मरने के बाद दो गज ज़मी में खाक हो जाऊंगा  कभी  नह…

गुलाब का फूल- GULAB KA PHOOL

ये गुलाब का फूल आज क्यों मुरझा गया हैं लगता हैं माली ने इसे अकेला छोड़ दिया हैं शायद पानी की कमी…

मैं ईद कैसे मनाऊं - MAI EID KAISE MANAUN

मैं ईद कैसे मनाऊं  मेरा चांद बादलों की ज़द में खोया हुआ हैं बादलों के घने पहरों की बंदिश में  जकड…

मदीने की मोहब्बत -MADINE KI MOHBBAT

मेरे मौला मेरे हक़ में तू बस इतना सा लिख दे मैं जब जब मदीना सोचूं  मदीने का दीदार लिख दे  मेरे मौ…

तजुर्बा -TAZURBA

"मैंने दर्द को सहना सीखा है,  अब मैं खुद को सजा रहा हूं, हर दर्द को एक कहानी बनाकर कोरे काग…

मिस्ड कॉल - MISSED CALL

सुबह-शाम ना जाने कितने फ़ोन बजते हैं, मगर आस तो बस तुम्हारे फ़ोन की ही रहती है। कई साल गुज़र गए,…

मैं अकेला कहां -MAI AKELA KAHAN

मैं अकेला कहाँ, साथ तुम्हारी यादें भी तो हैं — वो यादें, जो एक ख़ूबसूरत लम्हे से चुरा लाया था…

ऐ-ज़िंदगी - A ZINDAGI

किसी नामी गिरामी हकीम की दवा लग जाए  मुझे या किसी राह चलते दरवेश की दुआ लग जाए मुझे कितनी मुश…

ज़्यादा पोस्ट लोड करें
कोई परिणाम नहीं मिला