ना जाने किस कबीले से ताल्लुक हैं उसका बस खामोशी से अपने काम को अंजाम देता हैं उ…
मैं ईद कैसे मनाऊं मेरा चांद बादलों की ज़द में खोया हुआ हैं बादलों के घने पहरों …
मेरे मौला मेरे हक़ में तू बस इतना सा लिख दे मैं जब जब मदीना सोचूं मदीने का दीदा…
"मैंने दर्द को सहना सीखा है, अब मैं खुद को सजा रहा हूं, हर दर्द को एक कहा…
मैं अकेला कहाँ, साथ तुम्हारी यादें भी तो हैं — वो यादें, जो एक ख़ूबसूरत लम्हे…
बेशुमार मुश्किलें हैं रास्ते में फिर भी निकल जाऊंगा एक मर्तबा मैं भी अपना हौस…
1. बीमार को मरज़ की दवा देनी चाहिए मैं पीना चाहता हूं पिला देनी चाहिए 2. एक ह…
करीब दो दशक पहले की बात हैं एक बार एक विधवा औरत अपने बेटी के शादी के लिए मुख्…
कुछ गीत गज़लें लिखकर एक दिन चला जाऊंगा मैं अपने वारिस को ये कलाम वसीयत कर जाऊं…
प्रशांत महासागर के हज़ारों फीट की ऊंचाई पर एक एयरबस 380 सैकड़ों यात्रियों के…
जिंदगी तो लतीफ़ा न थी,मुस्कुराने की आदत छोड़ दी रास आया नहीं जब जीना रास्ते में …
आपके बच्चे आपसे पूछे या ना पूछे, आप उन्हें ज़रूर ये बताया कीजिए कि हम "फल…
बिखरे बिखरे से कुछ ख़्वाब आखों में हैं जन सैलाब खाली खाली से पन्ने जो दिलाते है…
स्कूल की फीस के लिए नहीं थे पैसे, पानी वाली दाल पीकर काटे दिन...आज 5000 करोड़ क…
जंग लाज़िम हैं तो लश्कर नहीं देखे जाते मैदान - ए- जंग में सर्कस नही देखे जाते श…
मेरी तबियत खराब नहीं हैं मेरा मसला आज कुछ और हैं खुद में नहीं हूं मैं पता नहीं …
फटे हाल नहीं हूं मुकम्मल खुश गवार हूं मैं तेरा शुक्र अदा नहीं होता कैसे अदा कर…
उसके बग़ैर जीने की बरकत न मिले मुझ सा कोई अकेला दरख़्त न मिले दिवानगी मैं ने क…




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