एक खौफ है जो दिल में बस चुका है एक डर है जो मुझे लग चुका है अक्सर सहम जाता हूँ में जब एक आवाज़ कानो तक पहुचती है आज फिर किसी मासूम बच्...
आवाज दे देना मुझे (Aawaj de dena mujhe )
जब कभी माज़ी का किस्सा याद आ जाए हो सके अश्क पलकों से छलक जाए ...
आवाज दे देना मुझे (Aawaj de dena mujhe )
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अक्टूबर 19, 2020
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अक्टूबर 19, 2020
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या रब तूने मुझे संभाल रखा हैं (YA rab tune mujhe sambhal rkha hai )
लबों पर तेरा नाम रखा हैं या रब तूने मुझे संभाल रखा हैं शुरू करता हूं तेरा नाम लेकर तूने मुझे हर बला से बचा रखा हैं या रब तूने मुझे संभ...
या रब तूने मुझे संभाल रखा हैं (YA rab tune mujhe sambhal rkha hai )
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अक्टूबर 18, 2020
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मै खुश था /MAI KHUSH THA
मैं खुश था मैंने तुमको चुना था हां वो बात और थी तुमने किसी और को चुना था मानता हूं सिलसिला चाहत का एक तरफा था लेकिन प्यार था मगर इशारों...
मै खुश था /MAI KHUSH THA
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अक्टूबर 16, 2020
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मुझे अच्छा लगता है /mujhe accha lagta he
मुझे अच्छा लगता हैं तुमसे ढेर सारी बाते करते रहना मुझे अच्छा लगता हैं तुम्हारी झुकी हुई पलके देखना वे पलकें जो एक बार उठ जाए तो इंसान उनम...
मुझे अच्छा लगता है /mujhe accha lagta he
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अक्टूबर 13, 2020
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चाहत(chahat)
वो चाहत थी मै उसका अहसास भी नही था समझ तो रहे थे मगर बोलने का इरादा नही था मै उस बंद किताब की तरह था जिसे पढ़ना तुम्हारे वश में नही था...
चाहत(chahat)
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अक्टूबर 12, 2020
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चले आओ (chale aao )
चले आओ । हम सब कुछ भुला देगें अगर तुम चाहो तो पढ़ लेना हमारी आँखों का हर हर्फ़ ना मिलेंगी शिकायत तुमको ना मिलेगा शिकवा ना मिलेंगी रंजिशें ...
चले आओ (chale aao )
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अक्टूबर 10, 2020
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माजी के किस्से की तरह (mazi k kisse ki trah )
माज़ी के किस्से की तरह बीती रात के ख़्वाबों की तरह मेरा यार भी बदल गया है हू बा हू मौसम की तरह माज़ी के किस्से की तरह सर्दी की सर्द हवाए...
माजी के किस्से की तरह (mazi k kisse ki trah )
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अक्टूबर 05, 2020
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अक्टूबर 05, 2020
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